नीमच में प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी भावांतर भुगतान योजना के तहत खरीफ मौसम में किसानों को सोयाबीन की फसल न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) से कम दाम पर बेचे जाने की स्थिति में लाभ सुनिश्चित करने के लिए 5 अक्टूबर को नीमच जिला मुख्यालय पर विशाल ट्रैक्टर एवं वाहन रैली निकाली गई। इसका उद्देश्य योजना के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना था। योजना के तहत 3 अक्टूबर से 17 अक्टूबर तक पंजीयन और 24 अक्टूबर से 15 जनवरी, 2026 तक कृषि उपज मंडी में सोयाबीन विक्रय की समय-सीमा तय की गई है। रैली का नेतृत्व नीमच के विधायक दिलीप सिंह परिहार और जिला पंचायत अध्यक्ष सज्जन सिंह चौहान ने किया। इसकी शुरुआत शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्र.-02 के स्कूल ग्राउंड से हुई। ट्रैक्टर रैली शहर के प्रमुख मार्गों जैसे कमल चौक, फोर जीरो, विजय टॉकीज चौराहा, अल्कोलाइड फैक्टरी, चौकन्ना बालाजी से होते हुए अंत में कृषि उपज मंडी में समाप्त हुई। रैली के बाद सभी भी हुई रैली के समापन पर विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री ने हाल ही में 3 अक्टूबर को सिंगल क्लिक से किसानों की फसल नुकसानी की राहत राशि बांटी है। उन्होंने सभी किसानों से अपील की कि वे इस महत्वपूर्ण भावांतर योजना में अधिक से अधिक संख्या में पंजीयन कराकर इसका लाभ उठाएं। इस आयोजन में भाजपा जिला अध्यक्ष वंदेलवाल, एसडीएम नीमच संजीव साहू सहित राजस्व, कृषि उपज मंडी समिति के अधिकारी-कर्मचारी और किसान संघ के सदस्य भारी संख्या में किसान भाइयों के साथ उपस्थित थे।


