छत्तीसगढ़ में जहां पंचायत चुनाव का शोर है, वहीं कोरिया जिले के रनई पंचायत में निर्विरोध चुनाव हो गया है। कोरिया जिले के रनई पंचायत में आजादी के बाद पंचायत चुनाव के लिए मतदान नहीं होता। इस सूची में रटगा भी जुड़ गया है, जहां दूसरी बार गांव के वरिष्ठ लोगों ने आपस में सर्वसम्मति से सरपंच व 11 पंचों का निर्विरोध चुनाव कर लिया है। आज नाम वापसी के पश्चात् दोनों पंचायतों के निर्विरोध निर्वाचित प्रतिनिधियों को रिटर्निंग आफिसर प्रमाणपत्र प्रदान करेंगे। कोरिया जिले के रनई पंचायत ने लगातार पंचायत का निर्विरोध चुनाव रिकार्ड बनाया है। रनई के जमींदार रहे हनुमान प्रसाद शुक्ला ने यह परंपरा शुरू की थी। वे पंचायत के पहले सरपंच थे। वर्तमान में गांववालों को एकजुट रखने का काम उनके पोते योगेश शुक्ला कर रहे हैं जो कांग्रेस के प्रदेश सचिव भी हैं। योगेश शुक्ला के पिता ब्रिजेंद्र शुक्ला व चाचा महेंद्र शुक्ला ने भी गांववालों को एकजुट रखा। महिलाओं के हाथों पंचायत की बागडोर
पंचायत चुनाव 2025 के लिए इस वर्ष महिलाओं के हाथों पंचायत की बागडोर रहेगी। सरपंच से लेकर पंच तक सभी महिलाएं हैं। आपसी सहमति से बबिता ठाकुरिया को सरपंच बनाया गया है। पंचायत के 15 पंचों में वेदमती साहू, लता देवी विश्वकर्मा, सोनकुंवर कोल, उपासना ठकुरिया, ज्योति सिंह, गीता शुक्ला, सुमित्रा पटेल, राधा साहू, हीरामनी पंडो, चंद्रमनी राजवाड़े, यशोदा कोल, आशा दुबे, श्यामवती कोल, लीला कोल व शशि कोल शामिल हैं। उपसरपंच गीता शुक्ला को बनाना तय किया गया है, हालांकि इसका चुनाव बाद में होगा। रटगा में दूसरी बार निर्विरोध चुनाव
बैकुंठपुर ब्लॉक के ही दूसरे ग्राम पंचायत रटगा में सरपंच और 11 पंच निर्विरोध चुने गए हैं। गांव में आपसी सहमति से सरपंच जगरनाथ और 11 पंचों का सिंगल नामांकन दाखिल कराया गया है। ये सभी निर्विरोध हो गए हैं। ग्राम पंचायत रटगा में 10 वर्ष पूर्व भी पंचायत का निर्विरोध निर्वाचन हुआ था। नाम वापसी के बाद मिलेगा प्रमाणपत्र
रिटर्निंग आफिसर बैकुंठपुर तहसीलदार अमृता सिंह कि गुरूवार को 3 बजे तक नाम वापसी के बाद दोनों पंचायतों के सरपंच एवं पंचों को निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया जाएगा एवं रिटर्निंग आफिसर द्वारा प्रमाणपत्र प्रदान किया जाएगा। कोरिया के बैकुंठपुर ब्लॉक में 23 फरवरी को मतदान होना है।


