शनिवार की शाम पंजाब नाटशाला के सहयोग से सार्थक रंगमंच पटियाला ने नाटक ‘कर लो घक्यो नूं भांडा’ का मंचन किया। नाटक लेखक जयवर्धन और पंजाबी रूपांतरण डिजाइन और निर्देशन डॉ. लाखा लेहरी, सहायक निर्देशक डॉ. इंद्रजीत कौर का रहा। ‘कर लो घक्यो नूं भांडा’ एक हंसी-मजाक वाली परिस्थितिजन्य कॉमेडी नाटक है जिसमें हल्के-फुल्के अंदाज में गंभीर आधुनिक मुद्दों की पड़ताल करती है। यह हास्यपूर्ण ढंग से कैरियर के प्रति जुनूनी युवाओं को उनके माता-पिता की उपेक्षा करते हुए और अकेलेपन का सामना करते हुए एक पति जो अपनी आधुनिक पत्नी द्वारा नियंत्रित होता है, एक लापरवाह नौकर जो अपने अधिकारों को जानता है और अकेले वरिष्ठ नागरिकों को साथी की तलाश करते हुए चित्रित करता है। नाटक के अंत में पंजाब नाटशाला की ओर से पेशकारी देने वाले कलाकारों को सम्मानित भी किया गया।


