भास्कर न्यूज | दुर्गूकोंदल एकलव्य आवासीय विद्यालय परिसर दुर्गूकोंदल में पालक–बालक सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन का उद्देश्य पालकों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर बच्चों के शैक्षणिक, मानसिक व शारीरिक विकास को और अधिक सशक्त बनाना रहा। कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्य बैजनाथ नरेटी ने सम्मेलन के उद्देश्य पर प्रकाश डालते किया। उन्होंने बताया कि आवासीय विद्यालय को केंद्र सरकार का विशेष सहयोग प्राप्त है। इस सहयोग के माध्यम से विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं को बेहतर शैक्षणिक वातावरण, आवास, भोजन, स्वास्थ्य एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने पालकों से अपने बच्चों की नियमित प्रगति पर ध्यान देने, उनकी कमियों को पहचाने और उनकी आवश्यकताओं को समझते हुए विद्यालय के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने कहा। जनपद अध्यक्ष गोपी बढ़ाई ने कहा बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षक और पालक दोनों की साझा जिम्मेदारी होती है। सरकार द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनका सही और प्रभावी उपयोग होना चाहिए। पालकों को चाहिए कि वे बच्चों की पढ़ाई के साथ-साथ उनके व्यवहार, स्वास्थ्य और मानसिक स्थिति पर भी ध्यान दें। जनपद अध्यक्ष ने शिक्षकों को भी प्रेरित करते हुए कहा कि बच्चों के मानसिक एवं शारीरिक विकास पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। लगन, मेहनत और समर्पण के साथ शिक्षा के क्षेत्र में कार्य करने से निश्चित रूप से बच्चों को सफलता प्राप्त होगी। उन्होंने कहा आवासीय विद्यालय बच्चों के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करते हैं, जहां से वे आगे चलकर समाज और क्षेत्र का नाम रोशन कर सकते हैं। सम्मेलन में पालक प्रतिनिधियों के रूप में दर्शन नरेटी, घनश्याम ठाकुर, राधेश्याम गावर, श्रीराम बघेल उपस्थित थे।


