प्रदेश सरकार की पहली वर्षगांठ पर प्रदेश और सभी जिला मुख्यालयों पर अन्त्योदय सेवा शिविर का आयोजन किया गया। भरतपुर के डीग में हुए प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम का जिला स्तरों पर वर्चुअली प्रसारण हुआ, जिसे जिला स्तरीय समारोह में लोगों ने देखा। नागौर के टाउन हॉल में आयोजित कार्यक्रम में सरकार की विभिन्न योजनाओं से जुड़े लाभार्थी उमड़े। मुख्य अतिथि नागौर प्रभारी मंत्री व जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी थे। मेड़ता विधायक लक्ष्मण कलरू और खींवसर विधायक रेवंतराम डांगा विशिष्ट अतिथि थे। जिला कलेक्टर अरूण कुमार पुरोहित और जिला पुलिस अधीक्षक नारायण टोगस भी मंचस्थ थे। मुख्य अतिथि प्रभारी मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने कहा कि प्रदेश सरकार आमजन के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध हैं। प्रदेश सरकार जनोपयोगी कार्याें पर मोहर लगाते हुए विधानसभा उपचुनावों में जनता ने सरकार पर भरोसा जताया है। नागौर में आयोजित जिला स्तरीय शिविर में विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया सामाजिक न्याय व आधिकारिता विभाग ने 268 लाभार्थियों को व्हील चेयर, ट्राई साइकिल, छड़ी, कानों की मशीन तथा 49 दिव्यांगों को दिव्यांग स्कूटी योजना के तहत स्कूटी वितरित की। श्रम विभाग ने विभिन्न योजनाओं के तहत 5 लाभार्थियों को सम्मानित किया। दुर्घटना में मृत्यु होने पर मिलने वाले लाभांश के तहत शिवप्यारी पत्नी स्व. कंवराराम को 5 लाख रुपए, गुड्डी पत्नी स्व. ओमप्रकाश को 2 लाख रुपए, निर्माण श्रमिक शिक्षा एवं कौशल विकास योजना के तहत निर्माण श्रमिक कुंभाराम को 66 हजार रुपए, छात्रवृत्ति के रूप में माणकचंद को 29 हजार रुपए तथा प्रसूति सहायता योजना में स्वरूपी देवी को 10 हजार रुपए डीबीटी के तहत उनके खातों में ट्रांसफर करके प्रमाण पत्र दिया गया। उद्योग विभाग की पीएम विश्वकर्मा योजना के तहत लाभार्थियों को एक-एक लाख रुपए की सहायता राशि के चैक सौंपे गए। जिसमें रामप्रसाद, आनंद प्रजापत, सुशील, श्यामलाल सुथार, पूनाराम को सम्मानित करते हुए चैक सौंपे। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 384 आवासों का 5 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया। आशादेवी को 30 हजार व मोहम्मद इस्माइल को 60 हजार रुपए धनराशि का चैक सौंपा। नागौर जिले में लाभान्वित 11 हजार 742 निर्माण श्रमिकों को 12 करोड़ 90 लाख 57 हजार 141 रुपए बैंक खातों में ट्रांसफर किए गए। आपको बता दें कि राजस्थान भवन व अन्य सन्निर्माण श्रमिक कल्याण मण्डल राजस्थान की विभिन्न श्रमिक योजनाओं के तहत 27,742 निर्माण श्रमिकों को पंजीकृत किया गया है तथा विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के तहत गत एक वर्ष में विभिन्न योजनाओं के तहत 40,370 निर्माण श्रमिकों को 47.28 करोड़ का भुगतान डीबीटी के जरिए ट्रांसफर किया गया है।


