भास्कर न्यूज | बागडेहरी कुंडहित पुलिस ने बाल विवाह के खिलाफ गांवों में जागरूकता अभियान शुरू किया है। थाना प्रभारी विनय कुमार यादव के निर्देश पर यह अभियान बनकटी, खजूरी और अंबा पंचायतों में चलाया गया। पुलिस पदाधिकारियों ने चौपाल लगाकर ग्रामीणों को बताया कि बाल विवाह न केवल अपराध है, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा और विकास के लिए भी नुकसानदायक है। पुलिस ने बताया कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के अनुसार 18 साल से कम उम्र की लड़की और 21 साल से कम उम्र के लड़के का विवाह गैरकानूनी है। ऐसा करने पर सजा और जुर्माने का प्रावधान है। बनकटी पंचायत में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने चौपाल में भाग लिया। लोगों ने पुलिस से चर्चा की और भरोसा दिलाया कि वे अपने गांव में बाल विवाह नहीं होने देंगे। कुछ ग्रामीणों ने कहा कि वे पहले इस कानून से अनजान थे, अब दूसरों को भी जागरूक करेंगे। खजूरी पंचायत में महिला स्वयं सहायता समूहों के साथ बैठक हुई। पुलिस ने महिलाओं से कहा कि वे इस अभियान में आगे आएं। समाज में मां और बहनों की बात को महत्व मिलता है। महिलाएं बोलीं कि सामाजिक दबाव के कारण वे पहले चुप रहती थीं, लेकिन अब पुलिस के सहयोग से वे भी इस मुहिम का हिस्सा बनेंगी। अंबा पंचायत में पुलिस ने स्कूलों में जाकर बच्चों को जागरूक किया। बच्चों से कहा गया कि वे खुद नाबालिग अवस्था में विवाह न करें और अपने दोस्तों को भी समझाएं। यदि किसी नाबालिग की शादी की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस या बाल कल्याण समिति को सूचना दें। शिक्षकों ने भी इस पहल का समर्थन किया।


