भास्कर न्यूज | गिरिडीह मौसम का मिजाज शनिवार को बिगड़ने का येलो अलर्ट विभाग द्वारा शुक्रवार को जारी किया गया है। शनिवार को तेज हवाओं के साथ बारिश और ओले पड़ने की संभावना जताई गई है। इससे न केवल ठंड बढ़ेगी, बल्कि सरसों, मटर, राई, दलहन, लोकी, खीरा, करेला, झींगा, खरबूजा समेत कई फसलों को नुकसान पहुंचेगा। दूसरी तरफ आम के बौर पर भी प्रभाव पड़ेगा।कृषि विभाग के अधिकारियों की माने तो सरसों और गेहूं की फसल को लाभ होगा। विभाग द्वारा शनिवार को बारिश और ओले पड़ने की आशंका जताई गई है। इन दिनों, मटर, सरसों की फसल पकने वाली है। खेतों में पानी भरने से जेठुआ फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। कृषि विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है। आम के बागों को भी नुकसान होने का अनुमान है। जनवरी-फरवरी में आम का बौर आता है, जिले में आम के बागों की संख्या अच्छी खासी है। इन बागों को भी नुकसान पहुंच सकता है। जिले में बड़े स्तर पर गेहूं की फसल उगाई जाती है। इन दिनों गेहूं में बाली बन रही है, तेज हवाओं के साथ बारिश और ओले गिरने से गेहूं की फसल गिर सकती है। इससे फसल के उत्पादन प्रभावित हो सकता है। ओलावृष्टि से पौधा टूट सकता है, मटर और सरसों की फली भी फट सकती है। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक मधुकर कुमार ने कहा कि शनिवार को होनेवाली बारिश और ओलावृष्टि से सभी तरह के फसलों सहित आम के बौरा को नुकसान पहुँच सकता है। हवा 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी। मौसम 26 फरवरी से साफ रहेगा किसान खेत में पानी जमा होने न दें। फसल और आम के बौरा को ग्रीन नेट से ढककर रखें ताकि ओला से बचाया जा सके। मौसम साफ होने के बाद लतेदार शब्जीओं को गलन बीमारी से बचाने के लिए 02 ग्राम ब्वेस्टिन प्रति लिटर पानी में घोलकर छिड़काव करें और सभी फसलों को पीलिया रोग ( जिसमे फसल के पतों का रंग पीला हो जाता है)से बचाने के लिए 02 ग्राम यूरिया प्रति लिटर पानी में घोलकर छिड़काव करें।


