बिलासपुर में महाशिवरात्रि पर्व पर शहर से लेकर गांव तक आस्था की झलक दिखाई दे रही है। श्रद्धालु देवालयों में भगवान भोलेनाथ को जलाभिषेक करने पहुंच रहे हैं। सुबह से लेकर दोपहर तक शिव मंदिरों में हर-हर महादेव की गूंज सुनाई दे रही है और लोग विधि-विधान से पूजा अर्चना कर रहे हैं। वहीं, कई जगहों पर भगवान शिव की आकर्षक झांकियां भी सजाई गई है। दरअसल, 31 साल बाद बन रहे त्रियोग योग में शिव आराधना का विशेष महत्व बताया जा रहा है। शहर के सरकंडा के सीपत चौक स्थित बघवा मंदिर के साथ ही जोरापारा चौक के पास नंदीश्वर महादेव, हरदेव लाल मंदिर, सत्यम चौक मसानगंज स्थित पंचमुखी हनुमान मंदिर सहित शिव मंदिरों में सुबह से विशेष पूजा-आराधना चल रही है। वहीं, महाशिवरात्रि पर्व पर शहर में उत्सव भी चल रहा है। इस दौरान मंदिरों में भक्तों की लाइन लगी है, हर कोई जलाभिषेक भावान भोलेनाथ की पूजा-आराधना करते नजर आ रहे हैं। जगह-जगह भगवान शिव की अलग-अलग झांकियां सजाई गई है। वहीं भक्तों के लिए भंडारे का भी आयोजन किया गया है। छत्तीसगढ़ का केदारनाथ है पातालेश्वर शिव
शहर ही नहीं आसपास के गांव में भी महाशिवरात्रि पर्व की धूम मची है। खास तौर पर बिलासपुर से 25 किलोमीटर दूर मल्हार स्थित प्राचीन व आस्था के बड़े केंद्र पातालेश्वर महादेव मंदिर में सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान महादेव के जलाभिषेक के लिए पहुंच रहे हैं। भगवान महादेव यहां भूगर्भ में विराजमान हैं। पातालेश्वर महादेव को केदारेश्वर भी कहा जाता है। विशेष तौर पर काले चमकीले पत्थर से बनी शिवलिंग यहां गौमुख आकृति की है। मान्यता है कि यहां शिवलिंग की जलहरी में डाला गया जल सीधे पाताल लोक में जाता है। यहां के मंदिर में 108 कोण भी बने हुए हैं। मान्यता यह भी है, जो भी श्रद्धालु यहां मनोकामना लेकर आता है, महादेव उसकी हर मनोकामना पूर्ण करते हैं। 40 किलो बर्फ से बना बर्फानी बाबा
सरकंडा के श्रीविहार में प्रजापिता ब्रम्हकुमारी की ओर से 24 फीट के शिवलिंग के साथ 12 ज्योतिर्लिंगों की प्रदर्शनी लगाई गई है। इसमें 1001 बेलपत्र से शिव लिंग भी बनाई गई है। इसके साथ ही 101 नारियल, कांच के ग्लास और 40 किलो के बर्फ से बर्फानी शिवलिंग बनाया गया है, जो श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। चांटीडीह में शुरू हुआ तीन दिवसीय मेला
चांटीडीह स्थित शिव मंदिर में हर साल की तरह इस बार भी महाशिवरात्रि पर्व से तीन दिवसीय मेला शुरू हो गया है। यहां भी श्रद्धालु सुबह से मंदिर में पहुंच रहे हैं। दोपहर में भी लोगों की भीड़ लगी रही। अपनी-अपनी मनोकामना लेकर पहुंचे भक्तों ने भोलेनाथ की पूजा-आराधना कर जलाभिषेक किया। सिरगिट्टी में है स्वयंभू शिवलिंग
शहर से लगे सिरगिट्टी के स्वयंभू शिव मंदिर में भी कुछ इसी तरह का नजारा देखने को मिल रहा है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। साथ ही भगवान शिव को जल अर्पित कर विशेष पूजा आराधना की जा रही है।


