बेटी को गोद में लेकर पिता ने किया जमकर बवाल:पुलिस को देख तालाब के अंदर से भागा, फैक्ट्री की दीवार पर चढ़ा; शराब पीने पर पत्नी से हुआ था झगड़ा

टोंक जिले के देवली के रीको औद्योगिक क्षेत्र में एक शराबी पिता ने अपनी 3 महीने की मासूम बेटी को गोद में लेकर जमकर हंगामा किया। पत्नी से झगड़ा होने के बाद पति ने पहले तो बच्ची को पत्नी को देने से इनकार कर दिया, मामला बढ़ने पर जब पत्नी थाने जाकर पुलिस को लेकर आई तो पति बच्ची को तालाब के बीच में से ले भागा और एक फैक्ट्री की दीवार पर जाकर बैठ गया। पुलिस ने समझाइश कर उसे उतारा और शांतिभंग में गिरफ्तार कर लिया। पति को एसडीओ कोर्ट में पेश कर 6 महीने की पाबंदी के साथ जमानत पर रिहा कर दिया गया। 5 दिनों से रोजाना हो रहा था झगड़ा हेडकांस्टेबल अमृतलाल ने बताया- दोपहर करीब 12.30 बजे सुशीला नाम की महिला थाने पहुंची थी। उसने बताया कि वो और उसका पति धर्मराज रीको औद्योगिक क्षेत्र की एक फैक्ट्री में मजदूरी करते हैं। उनकी साल 2023 में लव मैरिज हुई थी। मैं जबलपुर, एमपी की रहने वाली हूं। वहीं धर्मराज देवली के राजकोट गांव का रहने वाला है। हम रीको फैक्ट्री के पास ही रहते है। पति के शराब पीने के कारण दोनों के बीच पिछले 5 दिन से झगड़ा हो रहा है। सोमवार रात को भी धर्मराज शराब पीकर आया। जिसके बाद दोनों के बीच जमकर झगड़ा हुआ। सुबह-सुबह धर्मराज मेरी तीन महीने की बेटी को गोद में लेकर बैठ गया। मैंने जब बच्ची को दूध पिलाने के लिए पति से मांगा तो उसने मुझे देने से इनकार कर दिया। मैंने कई बार समझाया लेकिन वह नहीं माना। धर्मराज ने मुझे बच्ची को पत्थरों में फेंकने की धमकी दी। उसके बाद मैं थाने पहुंची। पुलिस को देखकर बेटी को लेकर चढ़ गया फैक्ट्री पर हेड कॉन्स्टेबल ने बताया-महिला की शिकायत दर्ज करने के बाद पुलिस महिला के साथ फैक्ट्री के पास स्थित उनके कमरे पर पहुंची। पुलिस को देखकर धर्मराज अपनी तीन महीने की बेटी को रीको के नेकचाल तालाब के पिछले हिस्से की तरफ भाग गया। वह तालाब के जलभराव के बीच से भागता हुआ जाकर झाड़ियों में छिप गया। यहां पत्नी सुशीला ने आवाज देकर धर्मराज को समझाया। थोड़ी देर समझाने के बाद वह बच्ची को लेकर झाड़ियों से बाहर आया। इसी बीच पुलिस को देखकर वह गुस्सा हो गया। धर्मराज यहां से भागते हुए करीब 100 मीटर दूर स्थित एक फैक्ट्री पर चढ़ गया। करीब 10 मिनट तक धर्मराज की पत्नी, पुलिस और महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र की एडवोकेट रश्मि वर्मा और अंकिता माहेश्वरी ने धर्मराज से समझाइश की। एडवोकेट रश्मि वर्मा ने धर्मराज को समझाया और विश्वास में लिया। करीब 10 मिनट की समझाइश के बाद वह नीचे उतरा। पुलिस पति को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार कर थाने ले गई। महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र की एडवोकेट रश्मि वर्मा और अंकिता माहेश्वरी ने दंपति को समझाया। एसडीओ कोर्ट में पेश करने पर धर्मराज को शर्त के साथ जमानत दी गई। कोर्ट ने उस पर 6 महीने की पाबंदी लगाई है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *