जशपुर कलेक्टर रोहित व्यास ने यशस्वी जशपुर कार्यक्रम के अंतर्गत जिले के प्राचार्य, बीईओ और एबीईओ की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में कक्षा 10वीं और 12वीं के प्री-बोर्ड परीक्षा परिणामों की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर व्यास ने छात्राओं की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए प्राचार्यों को ग्राम के जनप्रतिनिधियों का सहयोग लेने का सुझाव दिया। उन्होंने जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में पालक-शिक्षक बैठक आयोजित करने का निर्देश भी दिया। रविवार को लगेगी स्पेशल क्लास वार्षिक परीक्षा के मद्देनजर, उन्होंने मिशन 40 डेज की गतिविधियों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने और रविवार को विशेष कक्षाएं तथा उपचारात्मक शिक्षण की व्यवस्था करने पर जोर दिया। कलेक्टर ने होनहार छात्रों को राज्य की प्रावीण्य सूची में स्थान दिलाने और कमजोर छात्रों के प्रदर्शन में सुधार के लिए विशेष प्रयास करने का आह्वान किया। 100 प्रतिशत परिणाम का लक्ष्य उन्होंने इस वर्ष बोर्ड परीक्षा में 100 प्रतिशत परिणाम का लक्ष्य निर्धारित किया है और जशपुर को प्रदेश की मेरिट सूची में पहला स्थान दिलाने की महत्वाकांक्षा व्यक्त की। छात्रों के शंका के समाधान करने का आग्रह शिक्षा विभाग के प्रभारी अधिकारी डिप्टी कलेक्टर प्रशांत कुशवाहा ने शिक्षकों से छात्रों को पर्याप्त समय देने और उनकी विषयगत शंकाओं का समाधान करने का आग्रह किया। बैठक में शिक्षकों को आदर्श व्यवहार प्रदर्शित करने और छात्रों के प्रति संवेदनशील रहने की सलाह भी दी गई। ‘बच्चों को रोजाना मॉनिटरिंग करें’ जिला शिक्षा अधिकारी प्रमोद कुमार भटनागर ने सभी प्राचार्यों से कहा कि बोर्ड परीक्षा के लिए कम समय कम है इसलिए पूरी मेहनत के साथ बच्चों को रोजाना मॉनिटरिंग करें। उन्होंने प्राचार्यों से छात्रों की उपस्थिति बढ़ाने और परीक्षा परिणाम बेहतर करने के प्रयासों की जानकारी ली। ‘उत्तर पुस्तिकाओं का अवलोकन करें’ नोडल अधिकारी विनोद गुप्ता ने कहा कि प्री-बोर्ड परीक्षा में स्कूल के सभी बच्चे सम्मिलित हो और प्रश्न को समझ कर सभी प्रश्न हल करे। सभी टीचर बच्चों के प्री बोर्ड 2 की उत्तर पुस्तिकाओं का अवलोकन करें, उनकी गलतियों से उन्हें अवगत कराते हुए उसका समाधान करें।


