भास्कर न्यूज | प्रतापगढ़ सुहागपुरा थाना क्षेत्र में डीएसटी टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। इसमें महिलाओं के फोटो दिखाकर फर्जी एस्कॉर्ट सर्विस से साइबर फ्रॉड के मामले में पुलिस ने दो आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया। उनके पास से कार, तीन मोबाइल, 10 एटीएम कार्ड और 08 सिम कॉर्ड जब्त किए। एसपी बी आदित्य ने बताया कि डीएसटी टीम की सूचना पर सुहागपुरा में नाकाबंदी के दौरान एक काले रंग की कार को रुकवाया। तलाशी लेने पर उसमें बैठे रमेश पटेल निवासी खुदरड़ा थाना आसपुर जिला डूंगरपुर और प्रकाश पटेल निवासी दाद थाना आसपुर जिला डूंगरपुर के कब्जे से तीन मोबाइल, विभिन्न बैंकों के 10 एटीएम कार्ड और 8 सिम कार्ड मिले। साथ ही सुहागपुरा थाने पर प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान प्रारंभ किया। आरोपी रमेश और प्रकाश आमजन को लड़कियां उपलब्ध कराने का झांसा देकर पीड़ितों को मॉडल लड़कियों के इंटरनेट से फोटो डाउनलोड करते, फिर उस लड़की के फोटो से एड बनाते। उसके बाद सोशल मीडिया पर भेजने का काम करते। उसके बदले पीड़ितों से पहले क्यूआर कोड, यूपीआई के माध्यम से रुपए प्राप्त करते। इस मामले में साइबर सेल के रमेशचंद्र मीणा द्वारा महत्वपूर्ण भूमिका निभाते मनी ट्रांसफर एप फोन-पे, पेटीएम, गुगल-पे और टेलीग्राम को चेक किया। दोनों गिरफ्तार आरोपियों द्वारा इंस्टाग्राम और टेलिग्राम की वेबसाइट पर फर्जी रजिस्ट्रेशन कर एस्कार्ट सर्विस के नाम पर देश भर के भोले-भाले लोगों से धोखाधड़ी कर फर्जी खातों में रुपए डलवाते थे। दोनों आरोपी रुपयों को आपस में बराबर बांट लेते थे। इस प्रकार दोनों को फर्जी एस्कार्ट सर्विस के नाम पर फर्जी सिमों और एटीएम कार्ड का उपयोग कर धोखाधड़ी करने के मामले में प्रतापगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली और इन्हें गिरफ्तार किया। कार्रवाई में डीएसटी के एसआई प्रताप सिंह, एएसआई पन्नालाल, कांस्टेबल विनोद कुमार, शिवलाल, ओमप्रकाश, नरेंद्र सिंह, पंकज और साइबर सेल के रमेशचंद्र मीणा (विशेष भूमिका) शामिल रहे। सभी एटीएम फर्जी, आरोपी रुपए देकर खरीदते एटीएम कार्ड: फ्रॉड करने के लिए आरोपी रमेश और प्रकाश ने योजना बनाई। पुलिस की इस कार्रवाई में जब्त एटीएम कार्ड सभी फर्जी निकले। रुपए देकर एटीएम कार्ड खरीदना सामने आया है। फ़िलहाल पुलिस ने दोनों आरोपियों से गहनता से पूछताछ शुरू कर दी है। इस मामले में और भी कई अहम खुलासे की संभावना है।


