jराजस्थान में नर्सिंग कोर्स करने वाले अभ्यर्थी भविष्य में जर्मनी में जॉब कर सकेंगे। जर्मनी से आए एक डेलीगेशन ने इस संबंध में राज्य सरकार को एक प्रस्ताव दिया है, जिसमें एक ब्रिज कोर्स करने के बाद जर्मनी में नर्सिंग करने के लिए जॉब के विकल्प खुल जाएंगे। इसको लेकर आज जर्मन डेलीगेशन और राजस्थान के प्राइवेट नर्सिंग स्कूल और कॉलेजों की फेडरेशन के साथ एक एमओयू करने पर सहमति बनी है। वहीं कौशल एवं रोजगार विभाग इसके लिए जल्द एक ब्रिज कोर्स (ट्रेनिंग कोर्स) शुरू करेगा। नर्सिंग के अलावा मेडिकल सेक्टर में जॉब के विकल्प उद्योग, युवा, कौशल एवं नियोजन मंत्री के.के. बिश्नोई की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में जर्मनी से आए डेलीगेशन के अध्यक्ष फ्लोरियन वॉन ब्रून, डॉ. मेथियास मौच और हंस कोप ने जर्मनी में नर्सिंग रोजगार के अवसरों के बारे में विस्तृत चर्चा की। साथ ही उन्होंने यहां के नर्सिंग अभ्यर्थियों को स्किल ट्रेनिंग (कौशल प्रशिक्षण) देकर नर्सिंग के लिए जर्मनी में जॉब के अवसर उपलब्ध करवाने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने बताया, जर्मनी में नर्सिंग के अलावा मेडिकल सेक्टर में और भी जॉब के बहुत से विकल्प हैं। ब्रिज कोर्स की जरूरत कमिश्नर मेडिकल एज्युकेशन इकबाल खान और कमिश्नर कौशल एवं रोजगार विभाग रिमाव मंडल ने जर्मनी में नर्सिंग जॉब के लिए पहले जरूरी स्किल ट्रेनिंग के साथ जर्मन भाषा, पर्सनेलिटी डेवलपमेंट की ट्रेनिंग करवाने के लिए ब्रिज कोर्स शुरू करने की जरूरत बताई। बैठक में मौजूद राजस्थान प्राइवेट नर्सिंग स्कूल्स एंड कॉलेजेज फेडरेशन के अध्यक्ष विमल मीणा ने कहा, कि इस काम के लिए प्राइवेट नर्सिंग कॉलेजों की ओर से हर सम्भव मदद की जाएगी। इसके बाद बैठक में नर्सिंग कॉलेज फेडरेशन और जर्मन डेलीगेशन के बीच इस संबंध में एक एमओयू करने पर सहमति बनी। वहीं कौशल एवं रोजगार विभाग की ओर से जल्द ही ब्रिज कोर्स शुरू किया जाए, इस संबंध में राजस्थान प्राइवेट नर्सिंग स्कूल्स एंड कॉलेजेज फेडरेशन का डेलीगेशन जल्द ही इस संबंध में जर्मनी जाएगा।


