बालाघाट में स्वामी विवेकानंद जयंती और राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर जिला प्रशासन की ओर से सूर्य नमस्कार कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुलना मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में लगभग 3 हजार लोगों ने हिस्सा लिया। इसका उद्देश्य युवाओं को मैदानी खेलों और योग के प्रति प्रेरित करना था। कार्यक्रम की शुरुआत भोपाल से सीएम डॉ. मोहन यादव के संबोधन से हुई, जिसके बाद विवेकानंद जी के विचारों और मुख्यमंत्री के संदेश का वाचन किया गया। योग शिक्षकों के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में राजनेताओं, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्यों के साथ-साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भी सूर्य नमस्कार किया। आयोग ने बताया कि 7 साल से किया जा रहा आयोजन ओबीसी आयोग सदस्य मौसम हरिनखेड़े ने बताया कि यह परंपरा 2007 से निरंतर चली आ रही है। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद जयंती पर सूर्य नमस्कार का मुख्य उद्देश्य आने वाली पीढ़ी और हर भारतवासी को योग अपनाने का संदेश देना है। हरिनखेड़े ने सूर्य नमस्कार को संपूर्ण आसनों का समूह बताते हुए इसे शरीर के लिए अत्यंत लाभदायक बताया और लोगों से योग को जीवन का हिस्सा बनाने का आग्रह किया ताकि वे स्वस्थ और तंदुरुस्त रह सकें। कलेक्टर ने स्वामी विवेकानंद के विचार अपनाने का दिया संदेश कलेक्टर मृणाल मीणा ने जानकारी दी कि स्वामी विवेकानंद जी की 163वीं जयंती पर पिछले वर्षों की तरह ही योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में ढाई से तीन हजार छात्र-छात्राओं, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने योग किया। उन्होंने कहा कि सूर्य नमस्कार एक ऐसा आसन है, जिसे करने से संपूर्ण योग हो जाता है और इसे प्रतिदिन अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए। कलेक्टर ने युवा पीढ़ी से विवेकानंद के विचारों को केवल सुनने ही नहीं, बल्कि पढ़ने और आत्मसात करने का भी आह्वान किया। इस अवसर पर पूर्व मंत्री गौरीशंकर बिसेन, आयोग सदस्य मौसम हरिनखेड़े, नपाध्यक्ष भारती ठाकुर, भाजपा अध्यक्ष रामकिशोर कावरे, कलेक्टर मृणाल मीणा, जिला पंचायत सीईओ, जिला शिक्षा अधिकारी और योग आयोग अध्यक्ष तपेश असाटी सहित कई योग प्रशिक्षक और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।


