धनबाद में ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन (AILRSA) ने शुक्रवार को DRM कार्यालय परिसर में एक दिवसीय शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। इस दौरान संगठन ने अपनी मांगों का ज्ञापन भी सौंपा। प्रदर्शन में सैकड़ों लोको पायलट और सहायक लोको पायलट शामिल हुए। संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि रनिंग स्टाफ की मांगों को लेकर बार-बार रेल प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया है। लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कर्मचारियों की समस्याएं उनके मानसिक स्वास्थ्य और पारिवारिक जीवन को प्रभावित कर रही हैं। यह रेलवे सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा बन चुकी हैं। मुख्यालय बायपास कर ड्यूटी कराने पर रोक लगाने की मांग प्रदर्शन के दौरान उठाए गए प्रमुख मुद्दों में प्रत्येक लॉबी के लिए क्रू बीट निर्धारित करना शामिल है। मुख्यालय बायपास कर ड्यूटी कराने पर रोक लगाने की मांग की गई। 36 घंटे के भीतर मुख्यालय वापसी की गारंटी देने की मांग भी रखी गई। सहायक लोको पायलट से 18 से 20 घंटे की अमानवीय ड्यूटी पर रोक लगाने की मांग की गई। छुट्टियों में की जा रही मनमानी कटौती पर रोक और CMS से ड्यूटी समय में हेरफेर पर कार्रवाई की मांग भी शामिल है। AILRSA के ज़ोनल महासचिव कॉमरेड ए.के. राउत ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यह आंदोलन पूर्णतः लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित किया गया है। संगठन का उद्देश्य केवल इतना है कि रनिंग स्टाफ की न्यायोचित मांगों पर प्रशासन गंभीरता से विचार करे। साथ ही त्वरित समाधान सुनिश्चित करें। AILRSA ने घोषणा की है कि यदि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं होती है, तो आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। इसी कड़ी में आगामी 1 अगस्त को धनबाद मंडल की सभी लॉबियों पर रनिंग स्टाफ द्वारा 24 घंटे का शांतिपूर्ण ‘हंगर फास्ट’ किया जाएगा।


