भास्कर न्यूज | अमृतसर लारेंस रोड स्थित बिजली पहलवान मंदिर में शिव परिवार की तरफ से शिव महापुराण कथा करवाई जा रही है। शाम 3 से 7 बजे तक चली कथा में वीरवार को कथा में विजय शास्त्री ने भगवान शिव के महात्यम कथा का श्रोताओं को रसपान कराया। उन्होंने भगवान शिव के स्वरूप का वर्णन करते हुए उनके स्वभाव का वर्णन किया। उन्होंने देवराज ब्राह्मण के चरित्र का वर्णन किया। शास्त्री ने कहा कि कथा में वर्णित है कि ब्राह्मण कुल में जन्म लेने के बाद भी जिस प्रकार से अपने धर्म से च्युत होकर अधर्म की मार्ग का अनुसरण किया। अधर्म के मार्ग पर चलकर “ब्राह्मणाचित’ का जो कर्म है उनका पालन नहीं किया, लेकिन जीवन के अंतिम समय प्रथम बार प्रयागराज में भगवान शिव की श्री शिव महापुराण की कथा का रसपान किया। तभी पाप का प्रशचित किया इससे केवल इस पुण्य के फल स्वरुप देवराज ब्राह्मण का उद्धार हो गया अर्थात भगवान शिव की कथा जीवन के बड़े से बड़े पाप, ताप और संताप को दूर कर सकती है। जीवन में कितनी भी बड़ी संकट हो उन्हें “देवों के देव महादेव’ हर लेते हैं। महादेव हमेशा अपने भक्तों के निकट होते हैं। इस कथा में कई शिव परिवार के सदस्य मौजूद रहे। भी ने एकाग्रचित्त होकर कथा का श्रवण किया और भगवान शिव की महिमा का गुणगान किया। कथा के समापन पर सभी भक्तों को प्रसाद वितरित किया गया।


