रविवार को दुर्ग्याणा तीर्थ में भगवान को खिचड़ी भोग लगाए गए। मुख्य श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर के सभी विग्रह को स्वांग धारण करवाया। दुर्ग्याणा कमेटी की तरफ से शुरु करवाए खिचड़ी भोग दौरान पंडित ओम प्रकाश शास्त्री ने सभी विग्रहों को अलग-अलग रूप धारण करवाया। जिसमें प्रभु श्री राम और भगवान श्री कृष्ण जी गुरुकुल में विद्या सीखने गए।
पंडितों ने मंगला आरती करके भगवान को देसी घी वाली खिचड़ी का भोग लगाया और उसे प्रसाद के रूप में भक्तों में बांटा। इसी दौरान पंडितों ने सारे दरबारों को सजाया। श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर में भगवान नारायण जी को वामन अवतार धारण करवाया, जिसमें भगवान की छवि देखने ही बनती थी। माथा टेकने आए भक्तजन भगवान को निहारते रहे। वहीं सुबह शाम मंदिर में हरिनाम संकीर्तन भी किया गया। जबकि कमेटी ने लंगर का आयोजन किया ।


