भास्कर न्यूज | दुमका दुमका मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के दासोराय गांव के समीप शनिवार की शाम ट्रक की टक्कर से म मृत संजय गुप्ता, उनकी पत्नी पूनम देवी, बेटी मुस्कान रानी और ऑटो चालक सुमित कुमार नाग के शव का रविवार को भारी आक्रोश के बीच मेडिकल कॉलेज अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव को स्वजन के सुपुर्द कर दिया। शनिवार की रात पुलिस ने पोस्टमार्टम का प्रयास किया था, लेकिन आक्रोश की वजह से टालना पड़ा। वहीं, हादसे में घायल लवली कुमारी व रौशन कुमार का अस्पताल में इलाज चल रहा है। वहीं धनबाद में इलाजरत नैंसी कुमारी व उसकी मां सरिता देवी की हालत में पहले से सुधार है। हादसे से नाराज लोगों ने सड़क जाम करने का निर्णय लिया, पर सीओ ने सहायता राशि देकर शांत करा दिया। जामा विधायक डॉ लुईस मरांडी व पूर्व सांसद सुनील सोरेन ने स्वजन से मुलाकात कर सांत्वना दी। बता दें िक दोहपर करीब 11 बजे सारी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शवों को पोस्टमार्टम के लिए लाया गया तो लोग भड़क गए। उनका कहना था कि पुलिस घायल संजय गुप्ता को एंबुलेंस की बजाय टोटो में डालकर अस्पताल ले गई। ठंड की वजह से रास्ते में उसकी मौत हो गई। इस पर नगर थाना प्रभारी अमित लकड़ा व मुफस्सिल थाना प्रभारी सत्यम कुमार ने कहा कि हादसे की सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत ही पहुंच गई। घायलों की जान बचाने के लिए जो भी वाहन मिला, उससे अस्पताल पहुंचाया। एंबुलेंस को भी फोन किया था, लेकिन उस समय वह जामा में थी। लोगों ने कहा कि जब प्रशासन ने पांच जनवरी तक मसानजोर जाने वाले सभी माल वाहकों का प्रवेश बंद कर दिया था तो फिर कैसे ट्रक पहुंच गया। अगर पुलिस रोक देती तो शायद हादसा नहीं होता। इस पर थाना प्रभारी ने बताया कि मसानजोर जाने वाला बंद है, लेकिन एनएच पर किसी तरह का प्रतिबंध नहीं है। पुलिस और आक्रोशित की नोंकझोंक के बीच शव का पोस्टमार्टम हुआ। देर शाम तक आटो चालक के शव की शिनाख्त नहीं हो सकी थी। देर रात को शहर के बांधपाड़ा में रहने वाले चालक की पहचान हो सकी। चालक 26 वर्षीय सुमित कुमार नाग रामगढ़ प्रखंड के कड़बिंधा का रहने वाला था। करीब 40 साल से बांधपाड़ा में परिवार के अन्य सदस्यों के रह रहा था। उसकी एक बेटी भी है। जब तक उसके शव का पोस्टमार्टम नहीं हो गया, तब तक परिवार के सभी सदस्य अस्पताल के बाहर रोते रहे। घरवालों ने बताया कि सुमित अपना आटो चलाता था। संजय गुप्ता ने शनिवार को मसानजोर जाने के लिए आटो रिजर्व किया था। घायलों को रेफर की बजाय यही करें इलाज: लुईस हादसे की जानकारी मिलते ही रविवार को जामा की विधायक डॉ लुईस मरांडी अस्पताल पहुंची और शव देखने के बाद इलाजरत रौशन कुमार का हाल पूछा। उन्होंने सीओ अमर कुमार को हर संभव सहायता देने का निर्देश दिया। विधायक ने चिकित्सक से घायलों की जानकारी ली और कहा कि रौशन और लवली को रेफर नहीं किया जाए। उनके परिवार के लोग इस हालत में बाहर देखभाल करने की स्थिति में नहीं हैं। इसलिए रेफर करने की बजाय यहां पर ही उनका सारा इलाज किया जाए। सरकार और प्रशासन की लापरवाही से हादसा : सुनील पूर्व सांसद सुनील सोरेन ने अस्पताल लाकर घायलों का हाल पूछा और मरने वाले के स्वजन से मिलकर ढांढस बंधाया। कहा कि दुमका की यह बड़ी व दुखद घटना है। इसने सभी को हिलाकर रख दिया है। सरकार और प्रशासन की लापरवाही से हादसा हुआ है। मामले की जांच की जाए। जब पांच जनवरी तक मालवाहक वाहनों का प्रवेश बंद है तो कैसे ट्रक चला गया। हादसे के लिए प्रशाासन दोषी है। सरकार परिवार को उचित मुआवजा दे। इस मामले को आगे तक लेकर जाया जाएगा।


