भास्कर न्यूज | परपोड़ी नगर में गुरुवार को बालक प्राथमिक शाला बाजार चौक में हिंदू सम्मेलन हुआ। मुख्य वक्ता दिलेश्वर उमरे, सामाजिक वक्ता प्रमोद शास्त्री, कीर्ति राजपूत, भगवताचार्य ओमप्रकाश जोशी ने भी अपने विचार रखे। सम्मेलन के संयोजक अलंकार ताम्रकार एवं कोषाध्यक्ष राजेंद्र सिंह ठाकुर रहे। शास्त्री ने कहा कि यदि बच्चे आरएसएस से जुड़ते हैं, तो उनमें अच्छे संस्कारों का विकास होता है। उन्होंने भारत की सांस्कृतिक और आर्थिक समृद्धि का उल्लेख करते हुए सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण का उदाहरण दिया। कहा कि उस समय देशवासियों ने करोड़ों-अरबों रुपए मूल्य का स्वर्ण दान किया था। उन्होंने हिंदू की परिभाषा बताते हुए कहा कि गौ माता के प्रति प्रेम, पुनर्जन्म में विश्वास और ओम में आस्था, हिंदू जीवन दर्शन का मूल है। दिलेश्वर उमरे ने आरएसएस के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के देशभक्ति और संगठन कौशल पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि डॉ. हेडगेवार को देशसेवा के लिए दो बार कारावास भी सहना पड़ा। उन्होंने गुरु तेगबहादुर और उनके परिवार द्वारा धर्म रक्षा के लिए दिए गए बलिदान का भी स्मरण कराया। संघ की शाखा पद्धति, संगठनात्मक संरचना और आपदा व संकट के समय संघ की जानकारी दी। सम्मेलन में प्रदीप दुबे, देशु राम साहू, जिला प्रचारक राजकुमार महंत, खंड कार्यवाह हेमंत साहू, शिवबती साहू, सतीश जैन, राजेश दुबे, रामराज वर्मा, नथमल कोठारी, पार्षद संतु देवांगन, भोज सिन्हा, दिनेश कोठारी, आकाश राजपूत, दिनेश दुबे, देवा साहू, सालिक यदु, शिव वर्मा, जीवन लाल चंदेल, सुभाष तिवारी उपस्थित रहे।


