सीहोर जिले ने पिछले एक साल में विकास के कई नए आयाम स्थापित किए हैं। जिले ने सेहत, शिक्षा, रोजगार, उद्योग, कृषि, सिंचाई, महिला एवं बाल विकास सहित अनेक क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल की हैं। यह साल विकास के साथ उपलब्धियों से भरा रहा। जिले में बड़ी संख्या में हितग्राही मूलक योजनओं से हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया है। सीएम हेल्पलाइन में प्रदेश में प्रथम
बीते 24 माह में जिला सीहोर सीएम हेल्पलाइन की मासिक परफॉर्मेंस ग्रेडिंग अंतर्गत अपने ग्रुप A में कुल 14 बार रैंक 1 के साथ प्रथम स्थान पर रहा एवं कुल 15 बार 80 फीसदी से अधिक वैटेज स्कोर प्राप्त कर ग्रेड A में रहकर उत्कृष्ट ग्रेडिंग प्राप्त की। सीहोर जिले द्वारा सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों के निराकरण की मुख्य सचिव द्वारा सराहना की गई और इसे सुशासन का बेहतर उदाहरण बताया। पशुओं के कृत्रिम गर्भाधान में प्रदेश में प्रथम
प्रदेश में सर्वाधिक 50 हज़ार पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान करने में सीहोर प्रथम स्थान पर है। एक लाख पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कृत्रिम गर्भाधान से उन्नत नस्ल की बछिया पैदा होने से एक तरफ जहां सड़कों पर आवारा पशुओं की समस्या से निजात मिलेगी, वहीं पशुपालकों की आय में वृद्धि होगी। रेवेन्यू रिकॉर्ड अपडेट ट्रैकिंग सिस्टम नवाचार
राजस्व न्यायालय द्वारा पारित निर्णय और रेवेन्यू रिकॉर्ड के अपडेट के लिए आरटीआई ऑनलाइन ट्रैकिंग ऑनलाइन सॉफ्टवेयर विकसित कराया गया। जिससे पटवारी से लेकर रीडर, लोगों तक राजस्व प्रकरणों की ट्रैकिंग संभव हुई। इसका परिणाम यह हुआ कि राज्य न्यायालय के निर्णय के उपरांत तुरंत प्रकरण राजस्व अभिलेख में दर्ज होने लगे। और भू-स्वामियों को बार-बार तहसील कार्यालय के चक्कर नहीं लगाना पड़ता। इस नवाचार की भोपाल संभाग आयुक्त द्वारा सराहना करते हुए अन्य जिलों के लिए भी इसे अपनाने के लिए कहा गया। शिक्षा को बढ़ावा देने नवाचार
बुनियादी शिक्षा और शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाने तथा आधारभूत साक्षरता और संख्यात्मकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से नवाचार शुरू किया है। उन्होंने आधारभूत साक्षरता और संख्यात्मकता को बढ़ावा देने के लिए बच्चों की वर्चुअल क्लास लेना प्रारंभ किया है। इस नवाचार के तहत कलेक्टर जिले के सरकारी स्कूलों के कक्षा पहली, दूसरी तथा तीसरी के बच्चों की प्रति गुरूवार को वर्चुअल क्लास ले रहे हैं। इस वर्चुअल क्लास के माध्यम से कलेक्टर रेण्डमली किसी भी स्कूल के कक्षा पहली, दूसरी और तीसरी के बच्चों को हिन्दी, अंग्रेजी विषयों के किसी भाग को पढ़ना, लिखना तथा गणित में जोड़-घटाव के बारे में पढ़ाएगें और ब्लैकबोर्ड पर बच्चों से सवाल करवा रहे हैं। स्मार्ट शाला अभियान
हर शाला स्मार्ट शाला के अंतर्गत जिले की 1552 शासकीय शालाओं में शिक्षकों तथा जनभागीदारी के माध्यम से लगभग 4 करोड़ 25 लाख रूपये से स्मार्ट टीवी लगवाई गईं। इससे जहां एक और बच्चों में शिक्षा के प्रति रुचि जागृत हुई जिससे शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है । आयुष्मान भारत डिजिटल सेवाएं देने वाला सीहोर प्रदेश का पहला जिला
आयुष्मान भारत डिजिटल योजना के अन्तर्गत जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने तथा प्रत्येक व्यक्ति की एक यूनिक आईडी यानी आभा आईडी बनाने के साथ डिजिटल सेवा प्रदान करने वाला सीहोर जिला प्रदेश का पहला जिला बन गया है। जिला अस्पताल सहित विकासखण्ड स्तरीय अस्पताल में डिजिटल सेवा प्रारंभ की गई है। महाभियान 3.0 की उपलब्धि
जिले में हितग्राहियों को शासन की हितग्राही मूलक योजनाओं से लाभान्वित करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री जन कल्याण अभियान तथा आमजन के राजस्व संबंधी प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए राजस्व महाअभियान 3.0 चलाया जा रहा है। मुख्यमंत्री जनकल्याण अभियान एवं राजस्व महाभियान 3.0 में अभी तक 27,000 आवेदनों का निराकरण कर लिया गया है। सुरक्षित सीहोर अभियान
आमजन की आर्थिक सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए कलेक्टर प्रवीण सिंह द्वारा सुरक्षित सीहोर अभियान सफलतापूर्वक चलाया गया जिसके तहत सीहोर जिले के 2,37,574 नागरिकों को आर्थिक सुरक्षा कवच प्रदान किया गया. सुरक्षित सीहोर अभियान निरंतर निरंतर चलने वाला अभियान है। इस अभियान ने निम्न आय वर्ग के लोगों के लिए आकस्मिक दुर्घटना के समय अत्यधिक मददगार साबित हुआ है। सरकारी योजना एक नजर में पिछले एक साल में जिले के 1,63,000 किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि तथा मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना का लाभ मिला। इसके साथ ही जिले के वनाधिकार पट्टाधारी 2703 किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ मिल रहा है। इसी तरह महिला बाल विकास विभाग द्वारा मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना के तहत 2 लाख 47 लाख 747 महिलाओं को लाभान्वित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री लाड़ली लक्ष्मी योजना से योजना प्रारंभ वर्ष से भी तक कुल 92,027 बालिकाएं को लाभान्वित किया जा चुका है। प्रधानमंत्री मातृवंदना के अंतर्गत वर्ष 2017 से अभी तक 85,376 हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया है। जिले में 8,09,705 लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं। स्वास्थ्य संस्थाओं के एनक्यूएएस रैंकिंग में सीहोर जिले द्वारा सर्वाधिक 24 स्वास्थ्य संस्थाओं का एनक्यूएएस प्रमाणीकरण कराया गया। जिला चिकित्सालय सीहोर में 31.04 करोड़ से निर्मित 150 बिस्तरीय नवीन भवन एवं क्रिटिकल केयर युनिट का लोकार्पण तथा 09 करोड़ 80 लाख रूपये लागत से निर्मित इछावर सिविल अस्पताल नवीन भवन का लोकार्पण किया गया। इसी प्रकार सीहोर जिले में पिछले एक साल में 5 उद्योगों का भूमिपूजन किया गया। इन उद्योगों से लगभग 5,000 लोगों को रोजगार मिलेगा। जिले गत एक वर्ष में जिला एवं विकासखंड स्तर पर आयोजित रोजगार मेलों से 1756 युवाओं को रोजगार प्राप्त हुआ। शिक्षा विभाग द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 में कक्षा 06 के 1857 विद्यार्थियों, कक्षा 9 वी के 4713 पात्र विद्यार्थियों को साइकिल वितरित की गईं तथा 99 प्रतिशत विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति का वितरण कर दिया गया है। जिले में सीएम राइज स्कूल योजना अंतर्गत निर्धारित अवधि में 5 सीएम राइज स्कूल स्थापित किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गई है। निशुल्क पाठ्यपुस्तक योजना अंतर्गत शासकीय हाई एवं हायर सेकेंडरी शालाओं में कक्षा 9 से 12 तक अध्ययनरत कुल 43,910 विद्यार्थियों को निशुल्क पाठ्यपुस्तक वितरित की गई है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग द्वारा जिले के कुल 2 लाख 25 हजार 152 परिवारों को प्रतिमाह निशुल्क राशन प्रदान किया जा रहा है। जिसमें कुल 1,14,659 बीपीएल परिवार हैं। चले गांव की ओर
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जिले में 66257.91 लाख रूपये लागत से 1886.13 किलोमीटर सड़कें बनाई गई हैं। इसके साथ ही योजना के तहत कुल 26 पुल बनाए गए हैं, जिनकी लागत 5516.59 लाख है। इनमें से 04 पुल का कार्य प्रगति पर हैं। इसके साथ ही विभाग द्वारा अन्य योजनओं के तहत 33847.01 लाख रूपये लागत से 659.39 किलोमीटर सड़के बनाई गई हैं तथा 3086.44 लाख रूपये लागत से 18 पुल बनाए गए हैं। जिले में मनरेगा के अंतर्गत 94,030 श्रमिक पंजीकृत है। एक साल में चलाए गए विभिन्न राजस्व महाभियानों के दौरान प्रदेश स्तर पर जिले का उत्कृष्ट प्रदर्शन रहा है। खनिज विभाग द्वारा वर्ष 2024 में 11 करोड़ 35 लाख 22 हजार 391 रूपये की राजस्व वसूली की गई और 2 करोड़ 92 लाख 5 हजार 55 रूपये अर्थदंड की वसूली की गई। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अंतर्गत मरदानपुर, नीलकंठ समूह जलप्रदाय योजनाओं में 37,673 परिवारों को नल कनेक्शन के माध्यम से पेयजल प्रदान किया जा रहा है तथा रानीपुरा परियोजना के अंतर्गत 719 ग्रामों में पेयजल पहुंचाने के लिए तेजी से कार्य चल रहा है। पशुपालन विभाग द्वारा जिले में 45 गौशालाएं संचालित हैं जिसमें 4268 पशुधन हैं। प्रदेश में सर्वाधिक 36,574 पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान करने में सीहोर प्रथम स्थान पर है।


