भीलवाड़ा में गार्ड और 2 दोस्तों की हत्या के आरोपी को अपने किए पर कोई अफसोस नहीं है। उसने रसोई में काम आने वाले सामान झारी और डेगची से बुजुर्ग गार्ड का सिर फोड़ा था। चाकू से 20 वार किए थे। उसने गार्ड का प्राइवेट पार्ट भी काट डाला था। इसके बाद चाकू नाले में फेंक दिया था। पुलिस ने सोमवार को आरोपी दीपक नायर को कोर्ट में पेश किया। पुलिस जब आरोपी को लेकर कोर्ट परिसर पहुंची तो उसके चेहरे पर तीन हत्या का कोई अफसोस नजर नहीं आया। वह अपने पास से गुजर रहे लोगों से उनके हाल पूछता नजर आया। सुभाष नगर SHO शिवराज गुर्जर ने बताया- सोमवार को दीपक नायर की 5 दिन की रिमांड अवधि पूरी होने के बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने आरोपी को 2 दिन के रिमांड पर भेजा है। पुलिस ने हत्या में उपयोग किए हथियार झारी, डेगची और चाकू को जब्त किया है। अब आगे पूछताछ कर आरोपी से हत्या का कारण जानने की कोशिश की जाएगी। पुलिस को अंदेशा है कि वह अयप्पा मंदिर में हत्या के इरादे से ही गया था। मंदिर जाते वक्त वह 2 और लोगों से मिला, लेकिन उसने अपना प्लान नहीं बदला। ऐसे में पुलिस को शक है कि वह किसी न किसी से रंजिश रख कर मंदिर में हत्या करने ही गया था। बहन बोली- हत्यारे भाई से नफरत, उसे फांसी देनी चाहिए
ट्रिपल मर्डर के आरोपी की बड़ी बहन ने पहचान उजागर नहीं करने की शर्त पर बताया कि ऐसे हत्यारे इंसान को फांसी दे देनी चाहिए। उसे जीने का हक नहीं है। बहन ने बताया कि जैसे ही उन्हें पता चला कि दीपक ने 3 हत्या की है, उन्हें अपने भाई से ही नफरत हो गई। सीन रीक्रिएट करवाया, हथियार जब्त किए
SHO शिवराज गुर्जर ने बताया- 5 दिन की रिमांड के दौरान आरोपी को मौके पर ले जाकर क्राइम सीन रिक्रिएट करवाया गया था। इस दौरान आरोपी से हथियार को लेकर भी पूछताछ की गई। अयप्पा मंदिर से पूरी उतारने की झारी और डेगची बरामद की। मंदिर के पीछे नाले से चाकू बरामद किया गया था। आरोपी के प्रताप नगर स्थित घर से डंडा बरामद किया गया था। इस डंडे से दीपक ने दोनों दोस्तों के सिर पर वार किए थे। झारी और डेगची से दीपक ने मंदिर के गार्ड लाल सिंह रावणा (55) की हत्या की थी। इसके बाद चाकू से उसके प्राइवेट पार्ट को काट कर गले पर रख दिया था। सिर्फ एक मिनट में कोर्ट ने दिया रिमांड
पुलिस दीपक को सोमवार सुबह 11:55 बजे सुभाष नगर थाने से महात्मा गांधी अस्पताल लेकर गई। इसके बाद यहां मेडिकल जूरिस्ट ने उसका चेकअप किया। दोपहर 12:25 बजे पुलिस उसे लेकर भीलवाड़ा के सेशन कोर्ट में लेकर पहुंची। पुलिस को इनपुट था कि आरोपी के साथ यहां मारपीट हो सकती है। ऐसे में उसे पिछले गेट से कड़ी सुरक्षा के बीच लेकर गई। कोर्ट में जज के सामने पेश करते ही महज 1 मिनट में 2 दिन का रिमांड दे दिया गया। यहां से पुलिस उसे सुभाष नगर थाने वापस ले गई। अब पढ़िए खौफनाक ट्रिपल मर्डर की दास्तान… 22 अप्रैल: अयप्पा मंदिर के गार्ड को काटकर मार डाला
सीरियल किलर दीपक 22 अप्रैल को देर रात शराब के नशे में एक पुजारी की हत्या करने अयप्पा मंदिर पहुंचा था। यहां उसे गार्ड ने देर रात आने का कारण पूछा तो दीपक ने झारी और डेगची से 55 साल के गार्ड पर हमला कर दिया। उसे बेहोश होने तक पीटता रहा। लात-घूंसे मारे और जब वह निढाल होकर गिर पड़ा तो चाकू से उसके प्राइवेट पार्ट को काट कर गले पर रख दिया था। 24 अप्रैल: आरोपी के घर पर मिली 2 दोस्तों की लाश
दीपक का दोस्त संदीप भारद्वाज (45) 21 अप्रैल को शाम 6 बजे से घर से लापता था। ऐसे में उसका छोटा भाई संजीव 24 अप्रैल को पुलिस थाने में मिसिंग रिपोर्ट देने निकला था। रास्ते में उसने दीपक के घर के बाहर संदीप की बाइक खड़ी देखी तो थाने पहुंचकर सबसे पहले यही बात बताई। पुलिस दीपक के घर पहुंची तो घर खोलते ही भयंकर बदबू आई। अंदर जाकर देखा तो 2 लाश मिलीं। ये लाशें दीपक के दोस्त संदीप भारद्वाज और मोनू टाक (40) की थी। इसके बाद पुलिस ने उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की थी। दीपक ने 22 अप्रैल को मंदिर में गार्ड की हत्या करने से पहले दोस्त संदीप और मोनू के साथ पार्टी की थी। इस दौरान तीनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। शराब के नशे में दीपक ने दोनों दोस्तों को धारदार हथियार से काटकर मार डाला। आरोपी ने संदीप और माेनू की हत्या करने के बाद प्राइवेट पार्ट पर भी हमला किया। शवों के पास जले हुए गद्दे मिले थे। दोस्तों को बता रहा अपने हालात की वजह
थाना प्रभारी शिवराज गुर्जर ने बताया- दीपक हर बार पूछताछ में अलग-अलग स्टोरी बताता है। कभी वह गुस्से में मर्डर करने की बात कहता है तो कभी अपने दोस्तों को इन हत्याओं का दोषी बताता है। कभी वह अपने हालात का हवाला देते हुए मर्डर करना बता रहा है। इस परेशानी में वह दोनों दोस्तों का बड़ा रोल मान रहा था। वहीं मंदिर के गार्ड को लेकर दीपक की स्टोरी कुछ अलग है। उसका कहना है कि वहां कुछ गलत हो रहा था, इसका उसने विरोध किया। हकीकत क्या है अभी कहना मुश्किल है। पुलिस का मानना है कि दीपक सीरियल किलर है। उसने जो कुछ भी किया है, वह बदला लेने की नीयत से सोच-समझकर पूरी प्लानिंग के साथ किया है। हत्या के इरादे से निकला था दीपक
पुलिस के अनुसार, 22 अप्रैल की रात दीपक वारदात के समय नशे में था। लेकिन, उसे इतना होश था कि वह प्रताप नगर स्थित अपने घर से करीब 8 किलोमीटर दूर अयप्पा मंदिर तक पहुंच गया। वहां जाते ही उसने सिक्योरिटी गार्ड पर हमला कर दिया। रास्ते में और दोनों मर्डर के टाइमिंग गैप में वह कुछ लोगों से मिला था। उनसे बातचीत भी हुई, लेकिन उसका ध्यान डायवर्ट नहीं हुआ। वह मंदिर पहुंचा और रात एक बजे के बाद वारदात को अंजाम दिया। संभवत: वह गार्ड की किसी बात से नाराज था और गार्ड उसके टारगेट पर था। फिलहाल पुलिस 2 दिन के रिमांड में उससे कुछ और राज उगलवाने के प्रयास में है। ट्रिपल मर्डर से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… सीरियल-किलर ने एक-रात में 3 लोगों के प्राइवेट पार्ट काटे:भीलवाड़ा में तीन मर्डर; एक दोस्त और पुलिसवाले को भी मारने वाला था, 70 कॉल किए राजस्थान के भीलवाड़ा में ट्रिपल मर्डर का आरोपी दीपक नैयर और भी मर्डर करने वाला था। अपने घर पर दो दोस्तों को मर्डर करने के बाद दीपक कई घंटे भीलवाड़ा शहर में घूमता रहा। (पढ़ें पूरी खबर)


