हादसे में घायल चाचा को ब्लड दिलवाने के लिए भटकना पड़ा, और किसी को यह दिक्कत न आए इसलिए कुलबीर 3 साल से लगा रहे

अमनदीप सिंह जिले के गांव अदलीवाल में हर साल अपने माता-पिता की याद में ब्लड डोनेशन कैंप लगाने वाले पंजाब रोडवेज के इंस्पेक्टर कुलबीर सिंह समाज सेवा के कार्य कर रहे हैं। बीती 4 अप्रैल को तीसरा ब्लड डोनेशन कैंप लगाया गया। कुलबीर ब्लड डोनेशन कैंप के साथ-साथ मेडिकल कैंप और सफाई अभियान आदि सेवा के कार्यों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। कुलबीर सिंह ने बताया कि उनके पिता चन्नन सिंह एक समाजसेवक थे और जब वह 7 माह के थे तो पिता की हार्ट अटैक से मौत हो गई थी। इसके बाद मां हरजीत कौर ने अकेले परवरिश की। कुलबीर ने बताया कि एक बार हादसे में रिश्तेदारी में चाचा घायल हो गए जिन्हें ब्लड की जरूरत थी। उस समय वह कॉलेज में पढ़ाई कर रहे थे। वह सारा दिन खून ढूंढने के लिए कभी किसी अस्पताल तो कभी किसी जानकार के पास घूमते रहे, मगर ब्लड नहीं मिला। काफी मेहनत के बाद रात 9 बजे उनके एक दोस्त ने मदद की और खून चाचा जी को दिया। यहीं से ब्लड डोनेशन कैंप लगाने के बारे में सोचा मगर नौकरी के चलते खुद ही रक्तदान करते रहे। लंबी बीमारी के बाद मां का निधन हो गया और इसके बाद उन्होंने माता-पिता की याद में हर साल ब्लड डोनेशन कैंप लगाना शुरू किया जो लगातार 3 साल से चल रहा है। कुलबीर सिंह ने कहा कि माता ने बताया था कि पिता की मौत हार्ट अटैक से हुई थी। इसलिए लोगों की सेवा करने के लिए मेडिकल कैंप लगाने के बारे में सोचा। इसके बाद यह कारवां आगे भी चलता गया। बीती 4 अप्रैल के गांव में तीसरा ब्लड डोनेशन कैंप लगाया गया ताकि जरूरतमंदों, थैलीसीमिया से पीड़ित बच्चों की भी सेवा की जा सके। पिछले दिनों उन्होंने राम बाग में चलाए गए सफाई अभियान में भी हिस्सा लिया था।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *