भास्कर न्यूज | जामताड़ा 20 मई को होने वाली राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल को सफल बनाने के लिए सोमवार को जामताड़ा क्लब परिसर में वामपंथी दलों और जन संगठनों ने कन्वेंशन किया। कार्यक्रम का उद्देश्य हड़ताल की रणनीति तय करना और लोगों को जागरूक करना था। कन्वेंशन की अध्यक्षता चार सदस्यीय मंडल ने की। इसमें सीपीआईएम के सुजीत कुमार माजी, सीपीआई एमएल के जयप्रकाश मंडल, सीपीआई के चंद्रशेखर और फारवर्ड ब्लॉक के भीम मंडल शामिल थे। कार्यक्रम की शुरुआत जम्मू-कश्मीर के पहलगाम और पुंछ में हुए आतंकी हमलों में शहीद हुए जवानों और नागरिकों को श्रद्धांजलि देकर हुई। एक मिनट का मौन रखकर उन्हें याद किया गया। कन्वेंशन का उद्घाटन झारखंड राज्य किसान सभा के महासचिव सुरजीत सिन्हा ने किया। उन्होंने बताया कि 17 सूत्रीय मांगों को लेकर 20 मई को देशभर में आम हड़ताल की घोषणा की गई है। प्रमुख मांगों में लेबर कोड की वापसी, फसल की लागत पर डेढ़ गुना समर्थन मूल्य, ₹26,000 न्यूनतम वेतन, ₹9,000 सामाजिक पेंशन, मनरेगा में 200 दिन काम और ₹600 दैनिक मजदूरी, निजीकरण पर रोक शामिल हैं। सीटू, एटक, सीपीआईएमएल, सीपीआई और फारवर्ड ब्लॉक के नेताओं चंडी दास पुरी, लखनलाल मंडल, पशुपति कॉल, अशोक यादव, सुनील राणा, सोमलाल मिर्धा, कान्हाई माल पहाड़िया और अरुण कुमार मंडल ने भी अपने विचार रखे। कहा बेरोजगारी और महंगाई चरम पर है। कन्वेंशन में तय हुआ कि 20 मई को जामताड़ा में सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक दो घंटे का चक्का जाम किया जाएगा। 19 मई की शाम मशाल जुलूस निकाला जाएगा। जगह-जगह नुक्कड़ सभाएं, पोस्टरिंग और जनजागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। कार्यक्रम का समापन हड़ताल सफल हो के नारों और संकल्पों के साथ हुआ। सभी संगठनों और कार्यकर्ताओं ने 20 मई की हड़ताल को ऐतिहासिक बनाने की शपथ ली।


