सड़क की चौड़ाई में बाधक बन रहे पेड़ों को हटाने के लिए कटाई का आदेश के बाद जोधपुर के मथुरादास माथुर हॉस्पिटल के नर्सिंग अधिकारियों ने मिलकर इन्हें बचाने की पहल की है। इन पेड़ों को काटने के बजाय क्रेन की सहायता से ट्रांसप्लांट किए गए। दरअसल, न्यू डायग्नोस्टिक विंग तक जाने के लिए सड़क को चौड़ा किया जाना था, जिसके लिए 8 पेड़ काटने की अनुमति दी गई थी। इन पेड़ों को आज काटा जाना था। इस पर नर्सिंगकर्मियों ने पेड़ों को काटने से रुकवाया और उन्हें पास के ही खाली जगह पर गड्ढा खुदवाकर क्रेन की मदद से ट्रांसप्लांट किया गया। यहां दो पेड़ ट्रांसप्लांट किए गए जबकि 5 पेड़ों की जगह फुटपाथ बनाया जाएगा। एक पेड़ को काटा जाएगा। नर्सिंग अधिकारी भवानी शंकर नायक ने बताया- इन पेड़ों को काटने से बचाने के लिए हमने भामाशाहों से मदद की। उनकी सहायता से इन पेड़ों को काटने के बजाय ट्रांसप्लांट करवाया गया, जिससे इन पेड़ों से यहां लोग गर्मी के मौसम में छाया में आराम से बैठ सकेंगे। नर्सिंग कर्मी देवराज चौहान ने बताया- उन्होंने पूर्व में अपने साथियों के साथ हॉस्पिटल के आस-पास 501 पेड़ लगाए थे। आज जब पेड़ काटने के लिए यहां पर काम शुरू किया जाना था। तब वे मौके पर पहुंचे और पेड़ों को काटने के बजाय ट्रांसप्लांट करवाया।


